छात्रों ने निभाई जिलाधिकारी की भूमिका
मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार हर सोमवार को हरिद्वार कलेक्टर भवन में आयोजित होने वाली विशेष जनसुनवाई इस बार कुछ अलग रही। इस बार प्रशासन ने अनोखी पहल करते हुए एक दिन के लिए छात्रों को जिलाधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी। इन छात्र जिलाधिकारियों ने जनता की समस्याएं सुनीं और समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश भी दिए। इस पहल का उद्देश्य युवाओं में प्रशासनिक कार्यप्रणाली को समझने और जिम्मेदारी की भावना विकसित करना है। उपस्थित अधिकारियों और जनता ने छात्रों के उत्साह और आत्मविश्वास की सराहना की। उनकी गंभीरता को समझा और समाधान के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। इस अनोखी पहल का उद्देश्य छात्रों में प्रशासनिक समझ विकसित करना और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना जागृत करना है।

छात्रों ने जनता की सुनीं समस्याएं,66 शिकायतें दर्ज
जनसुनवाई में बड़ी संख्या में नागरिक अपनी समस्याओं के साथ पहुंचे। भूमि विवाद, सफाई व्यवस्था, पेयजल संकट, बिजली की अनियमितता, आवागमन की दिक्कतें और सड़क मरम्मत जैसी मूलभूत समस्याएं प्रमुख रूप से सामने आईं। इस दौरान कुल 66 शिकायतें दर्ज की गईं। अधिकारियों ने सभी शिकायतों के त्वरित निस्तारण का आश्वासन दिया। इस पहल का उद्देश्य युवाओं को प्रशासनिक कार्यप्रणाली की समझ और जिम्मेदारी का अनुभव कराना है।जिनमें से कई मामलों का निस्तारण मौके पर ही कर दिया गया, जबकि कुछ शिकायतों को संबंधित विभागों को त्वरित कार्रवाई के लिए भेजा गया।जनसुनवाई के दौरान छात्र जिलाधिकारियों ने न केवल लोगों की समस्याओं को धैर्यपूर्वक सुना, बल्कि समाधान के लिए रचनात्मक सुझाव भी दिए।

