नैनीताल जिले की राजनीति में चल रहे सियासी घमासान के बीच एक नया मोड़ सामने आया है। 14 अगस्त को जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव के दौरान हुए बवाल के बाद कांग्रेस ने आरोप लगाया था कि उनके पांच जिला पंचायत सदस्यों का अपहरण कर लिया गया है। इस आरोप के चलते कांग्रेस लगातार प्रदर्शन कर रही थी और मामले ने तूल पकड़ लिया था। लेकिन अब सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो ने पूरे घटनाक्रम की दिशा बदल दी है।
वीडियो में लापता बताए गए जिला पंचायत सदस्य खुद कैमरे पर आकर कह रहे हैं कि वे अपनी मर्जी से घूमने गए थे, उनके अपहरण की खबर पूरी तरह गलत है और वे जल्द ही लौटकर सरकार के सहयोग से अपने क्षेत्र का विकास करेंगे। इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है और सवाल उठने लगे हैं कि आखिर सच्चाई क्या है — क्या यह सिर्फ एक सियासी आरोप था या इसके पीछे कोई और कहानी छिपी है?

